दिव्यायन कृषि विज्ञान केंद्र, रामकृष्ण मिशन आश्रम, मोराबादी, रांची के
तत्वावधान में धान की सीधी बुवाई तकनीक का प्रत्यक्षण किया गया। यह कार्यक्रम ICAR-केन्द्रीय चावल अनुसन्धान केंद्र, कटक द्वारा प्रायोजित किया गया। इस कार्यक्रम में रांची जिले में पहली बार मुख्यतः उपरी जमीन में CR-807 धान का खरपतवार रसायन के द्वारा खरपतवार का नियंत्रण कर धान की खेती पर कृषि विज्ञान केंद्र, रांची द्वारा शोध की जा रही है। यह कार्यक्रम ICAR- केन्द्रीय चावल अनुसन्धान केंद्र, कटक के दिशा निर्देश में दिव्यायन कृषि विज्ञान केंद्र के द्वारा प्रत्यक्षण की जा रही है।
इस कार्यक्रम के अंतर्गत दिव्यायन कृषि विज्ञान केंद्र, रांची द्वारा मांडर प्रखंड के गुड़गुइजाड़ी गाँव में 50 किसानों के बीच 50 एकड़ क्षेत्र में धान की सीधी बुवाई का प्रत्यक्षण शुन्य जुलाई मशीन के द्वारा किया गया।
जिले में इस वर्ष अलनीनो का प्रभाव एवं कम वर्षा की संभावनाओं के परिपेक्ष्य में खेती में किसानों की लागत को कम करने एवं कम पानी में धान की खेती द्वारा किसानों की आजीविका को सुनिश्चित करने का प्रयास है।
संस्थान के कृषि अभियंता ई. ओ. पी. शर्मा द्वारा जलवायु अनुरूप खेती की तकनीक के फायदे की विस्तृत जानकारी दी गई।
इस प्रत्यक्षण कार्यक्रम में गाँव के कई किसान एवं युवक उपस्थित थे।